Dard Bhari Shayari

Dard Bhari Shayari Thumbnail

Dard Bhari Shayari in Hindi (Gam Bhari Shayari)

फिर एक दिन बेचैन होकर वह मुझे सोचेगा,
जब एक दिन उसी की तरह उसे कोई और छोड़ेगा..!!

नज़र और नसीब में भी क्या इत्तफ़ाक़ है,
नज़र उसे ही पसंद करती है जो नसीब में नही होता..!!

जो नजर से गुजर जाया करते हैं,
वो सितारे अक्सर टूट जाया करते हैं,
कुछ लोग दर्द को बयां नहीं होने देते,
बस चुपचाप बिखर जाया करते हैं..!!

कल रात वो शख्स मेरे खवाबो का भी कत्ल कर गया,
लोग कितना मुक़ाम रखते है छोड़ जाने के बाद..!!

तेरी आरज़ू मेरा ख्वाब है,
जिसका रास्ता बहुत खराब है,
मेरे ज़ख्म का अंदाज़ा न लगा,
दिल का हर पन्ना दर्द की किताब है..!!

मोहब्बत भी ऐसी है कि वह खुदा भी सोचते होंगे,
जो पहले ही मर चुकी है उसे मारूंगा कैसे..!!

तुझे मेरे प्यार पर शक क्यों है,
सिर्फ तुझे दिल तोड़ने का हक़ क्यों है,
तूने मुझे अपना कहा समझा नहीं मगर,
तेरे मेरे प्यार में फ़र्क़ क्यों है..!!

बहम निकाल दो कि कोई प्यार करता है,
जो रुला सकता है वह भुला भी सकता है..!!

चेहरे पे हिजाब आँखों में शर्म
तेरे हर किरदार की बात और हैं
मुझे देखे तू मेरा ऐसा नसीब कहाँ
सुना है तेरे चाहने वाले और हैं..!!

अगर बेवफा होता तो भीड़ होती,
वफादार हु ना इसलिए अकेला हूं..!!

हम हंसते जरूर है जनाब लेकिन,
दुसरो को हंसाने के लिए,
वरना दिल पर इतना जख्म खाए है कि,
अब रोया भी नही जाता..!!

दुख भरी जिंदगी है जनाब,
अब तो खुदखुशी की भी हिम्मत नही रही मुझमे,
उस रब से दुआ है कि कोई हादसा ही हो जाए..!!

बंसिरी से सीख ले ए ज़िन्दगी सबक जीने का,
कितने छेद है सीने में फिर भी गुनगुनाती रहेती है..!!

हम उम्मीदों की दुनियां बसाते रहे,
वो भी पल पल हमें आजमाते रहे,
जब मोहब्बत में मरने का वक्त आया,
हम मर गए और वो मुस्कुराते रहे..!!

मुझे बहुत प्यारी है तुम्हारी दी हुई हर एक निशानी,
अब चाहे वो दिल का दर्द हो या आँखों का पानी..!!

मिलता भी नहीं तुम्हारे जैसे इस शहर में,
हमको क्या मालूम था के तुम भी किसी और के हो..!!

रोने की सज़ा न रुलाने की सज़ा है,
ये दर्द मोहब्बत को निभाने की सज़ा है,
हँसते हैं तो आँखों से निकल आते हैं आँसू,
ये उस शख्स से दिल लगाने की सज़ा है..!!

तेरे ऐसे सच्चे आशिक़ है हम,
दिलमे जिसके प्यार न हो कभी कम,
सच्चे प्यार में तो ज़िन्दगी महक जाती है,
ना जाने हमारी आँखे क्यों है नम..!!

जो पल पल चलती रहे, उसे जिंदगी कहते है,
जो हरपल जलती रहे, उसे रोशनी कहते है,
जो पलपल खिलती रहे, उसे मोहब्बत कहते है,
जो साथ न छोड़े कभी, उसे दोस्ती कहते है..!!

मेरे अस्कों से भीगी हैं,
जाने कितनी तस्वीर तुम्हारी,
तुम झलक दिखाकर चली गयी,
और बदल गयी तकदीर हमारी..!!

हम रूठे तो किसके भरोसे,
कौन आएगा हमें मनाने के लिए,
हो सकता है, तरस आ भी जाए आपको,
पर दिल कहाँ से लाये..आप से रूठ जाने के लिए..!!

रोता वही है जिसने कद्र किया हो सच्चा रिश्ता को,
मतलब पे रिश्ते रखने वालो को कोई रुला नहीं सकता..!!

हादसे इंसान के संग मसखरी करने लगे,
लफ्ज कागज पर उतर जादूगरी करने लगे,
कामयाबी जिसने पाई उनके घर बस गए,
जिनके दिल टूटे वो आशिक शायरी करने लगे..!!

अपना बनाकर फिर कुछ दिन में बेगाना बना दिया,
भर गया दिल हमसे तो मजबूरी का बहाना बना दिया..!!

बहुत अजीब हैं ये बंदिशें मोहब्बत की,
कोई किसी को टूट कर चाहता है,
और कोई किसी को चाह कर टूट जाता है..!!

तुम्हें पा लेते तो किस्सा खत्म हो जाता,
तुम्हें खोया है तो यकीनन कहानी लंबी चलेगी..!!

तुम मेरी लाश पर रोने मत आना,
मुझसे बहुत प्यार था ये जताने मत आना,
दर्द दो मुझे जब तक दुनिया में हूं,
जब सो जाऊं फिर जगाने मत आना..!!

बेहतर है अकेले रहो लोग तो बीच राह छोड़ जाते हैं,
वादे सारी उम्र के करके दूसरे ही पल तोड़ जाते हैं..!!

तेरे ऐसे सच्चे आशिक़ है हम,
दिलमे जिसके प्यार न हो कभी कम,
सच्चे प्यार में तो ज़िन्दगी महक जाती है,
ना जाने हमारी आँखे क्यों है नम..!!

रोता वही है जिसने कद्र किया हो सच्चा रिश्ता को,
मतलब पे रिश्ते रखने वालो को कोई रुला नहीं सकता..!!

ये सच है कि हम मोहब्बत से डरते हैं,
क्यूँ कि ये प्यार दिल को बहुत तड़पाता है,
आँख में आँसू तो हम छुपा सकते हैं,
दर्द-ए-दिल दुनिया को पता चल जाता है..!!

तुमको लेकर मेरा ख्याल नही बदलेगा,
साल बदलेगा मगर दिल का हाल नहीं बदलेगा..!!

शुक्र करो कि हम दर्द सहते हैं, लिखते नहीं,
वरना कागजों पर लफ्जों के जनाज़े उठते नहीं..!!

Scroll to Top